Thursday, April 22, 2010

आओ तुम्हे प्यार करू

तुम्हारे नन्हे हातो की बासुरी से

मधुर संगीत निकाल दू ...

लोग मग्न हो जाये तुम्हे भूल जाये ..

मुझे भूल जाये ..

बस सुर ही सुर रह जाये ..

सारे आसमान पर ..

सारे भारत के जमी पर .

आओ तुम्हे प्यार करू ...

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